Gemstones

Layer 114@2x
रत्न

रत्न क्या हैं?

रत्न प्राकृतिक पत्थर होते हैं जो विशेष ग्रहों की ऊर्जा को धारण करते हैं। वैदिक ज्योतिष के अनुसार सही रत्न धारण करने से ग्रहों के शुभ प्रभाव बढ़ते हैं और अशुभ प्रभाव कम होते हैं।
रत्न का उद्देश्य दिखावा नहीं, बल्कि ऊर्जा संतुलन, आत्मविश्वास और जीवन में स्थिरता लाना है।
हर ग्रह का अपना रत्न होता है — जैसे सूर्य के लिए माणिक्य, चंद्र के लिए मोती, गुरु के लिए पुखराज।
रत्न का चयन केवल राशि से नहीं, बल्कि जन्म कुंडली और ग्रह स्थिति के आधार पर किया जाता है।
सही रत्न ग्रह ऊर्जा को संतुलित कर मानसिक, शारीरिक और आर्थिक पक्ष को मजबूत करता है।
Service

रत्न

शास्त्रसम्मत रत्न धारण विधि

रत्न धारण करने से पहले
कुंडली परीक्षण, ग्रह बल और दशा का अध्ययन आवश्यक होता है।

यथार्थ पथ में रत्न से संबंधित मार्गदर्शन —

  • बिना डर या जल्दबाजी

  • केवल आवश्यकता अनुसार

  • शुद्धता और वैदिक विधि के साथ

  • सेवा और कर्म सुधार के उद्देश्य से

हम मानते हैं कि
रत्न चमत्कार नहीं, सही दिशा में ऊर्जा प्रवाह का माध्यम हैं।

Trending

Latest News & Blogs

No Posts Found in Category 16